ये हैं सूर्य नमस्कार के 10 फायदे | Surya namaskar ke fayde

सूर्य नमस्कार के फायदे

हिन्दू धर्म में वर्णित “सूर्य नमस्कार क्या हैं”? “सूर्य नमस्कार के फायदे क्या है” और यह क्यों किया जाता है?

सूर्य नमस्कार का शाब्दिक अर्थ सूर्य को नमस्कार करना है। यह एक योग आसन है, जो 12 योग आसनों का एक संयुक्त रूप है। यह एक सर्वोत्तम कार्डियो वैस्कुलर व्यायाम   है जिसको नियमित रूप से करने से शरीर बलिष्ठ और मजबूत बनता है।

भारतीय संस्कृति की एक अनुपम देन है सूर्य नमस्कार, क्योंकि यह अपने आप में एक पूर्ण यौगिक व्यायाम  है। यह भारतीय संस्कृति का सर्वोत्तम योग पद्धति है। सूर्य नमस्कार के प्रत्येक चरण में 12 आसनों के दो क्रम होते हैं

सूर्योदय का समय, सूर्य नमस्कार करने का सबसे उपयुक्त समय होता है | सुबह के समय प्रतिदिन सूर्य नमस्कार करने से हमारे तन-मन को अद्वितीय लाभ मिलते हैं।

ये हैं सूर्य नमस्कार के 10 फायदे 

1. मोटापा कम करना : सूर्य नमस्कार करने से शरीर का पूर्ण व्यायाम होता है। इसको प्रति दिन करने से मोटापा तेजी से कम होता है।

2. ब्लड प्रेशर नियंत्रित रखना : सूर्य नमस्कार करने से शरीर में रक्त प्रवाह तेज होता है, जो रक्त नलिकाओं को साफ़ कर ब्लड प्रेशर को कम करता है। हाई ब्लड प्रेशर के मरीजों को सावधानी के तौर पे सूर्य नमस्कार नहीं करने चाहिए।

3. शरीर में उर्जा का संचार करना : प्रति दिन सुबह में 10-12 मिनट सूर्य नमस्कार करने से कार्बन डाइऑक्साइड का उत्सर्जन तेजी से होता है। फलस्वरूप शरीर को उर्जा मिलती है, जो शरीर को स्वस्थ रखती है।

4. मांसपेशियों और हड्डियों को मजबूती प्रदान करना : प्रति दिन सूर्य नमस्कार करने से हमारे शरीर की मांसपेशियां और हड्डियाँ मजबूत होती हैं।

5. पाचन तंत्र दुरुस्त होना : सूर्य नमस्कार करने से हमारे पेट का अच्छा व्यायाम हो जाता है। इसके फलस्वरूप हमारा पाचन क्रिया तेज और संतुलित होती है। हमें भूख भीअच्छी लगती है।

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6. त्वचा में निखर लाना : सूर्य नमस्कार के दौरान हमारी त्वचा से निकलने वाला पसीना त्वचा को निर्मलता और निखार प्रदान करता है। सूर्य नमस्कार सुबह की धुप में किया जाता है। इससे हमारी त्वचा के अंदर की ग्रंथियां विटामिन डी बनाती हैं जो कि हमारी त्वचा को निखार और कांति प्रदान करता है। इसके अलावा इससे सिर के बाल भी मजबूत बनते हैं।

7. मानसिक तनाव कम करना : सूर्य नमस्कार करने से तंत्रिका तंत्र शांत होता है और इसके साथ-साथ थॉयरायड ग्लैंड की कार्यप्रणाली नार्मल होती है। इससे मानसिक तनाव की समस्या से मुक्ति मिलती है। इसके अलावा सूर्य नमस्कार से हमारी स्मरण शक्ति में वृद्धि होती है।

8. स्त्रियों में मासिक चक्र को नियंत्रित रखना : स्त्रियों द्वारा नियमित सूर्य नमस्कार करने से उनके अनियमित मासिक चक्र नियमित हो जाता है।

9. शरीर को डिटॉक्स करना : सूर्य नमस्कार करते वक्त हवा फेफड़ों में तेजी से अंदर-बाहर होती है। इससे ऑक्सीजन तेजी से रक्त कोशिकाओं के साथ मिलकर शरीर के सभी हिस्सों में पंहुचता है और वहां से कार्बन डाइऑक्साइड और अन्य हानिकारक तत्वों को शरीर से बाहर निकाल फेंकता है। इसके फलस्वरूप हमारा शरीर डिटॉक्स हो जाता है। इसके अलावा सूर्य नमस्कार करने से पसीने के साथ भी कुछ हानिकारक तत्व शरीर से बाहर निकल जाता है।

10. शरीर में पानी की मात्र संतुलित करना : नियमित सूर्य नमस्कार करते रहने से शरीर में पानी की मात्रा संतुलित रहती है।

निष्कर्ष :-

जब सूर्य नमस्कार करने के फायदे इतने ज्यादे हैं, तब हम क्यों न प्रतिदिन सूर्य नमस्कार करें। जैसा कि सूर्य नमस्कार अपने आप में एक पूर्ण यौगिक व्यायाम है, हमें इसे प्रतिदिन करने चाहिए।

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