एक बार एक राजा ने सात बाभनों को बहुत सारी मुहरे (सोने के सिक्के) दान में दी। वे सातों बाभन उन मोहरों को लेकर खुशी-खुशी अपने घर को चल दिए। 
उनका घर राजमहल से काफी दूर था।  रास्ते में एक जंगल पड़ता था।  वह सातों बाभन जंगल में जाते-जाते थक गए थे। उन्हें नींद आ गई और वे सभी सातों बाभन वही एक पेड़ के नीचे सो गए। 

आज की इस मजेदार पहेली (Majedar Paheliyan) में हम अपने दिमाग की जांच इस मजेदार पहेली (Majedar Paheliyan) को हल करके करेंगे।

एक बार एक राजा ने सात बाभनों को बहुत सारी मुहरे (सोने के सिक्के) दान में दी। वे सातों बाभन उन मोहरों को लेकर खुशी-खुशी अपने घर को चल दिए। 

उनका घर राजमहल से काफी दूर था।  रास्ते में एक जंगल पड़ता था।  वह सातों बाभन जंगल में जाते-जाते थक गए थे। उन्हें नींद आ गई और वे सभी सातों बाभन वही एक पेड़ के नीचे सो गए। 

काफी देर के बाद उनमें से दो की नींद टूटी। बाकी के 5 बाभनों को सोता देख उनके मन में लालच आ गया। वे आपस में बात किए कि क्यों ना ये सारी की सारी मोहरे हम दोनों आपस में ही बराबर बराबर बांट लें।

जब वे बांटने लगे तो एक मोहर बच गई तब उन्होंने सोचा कि तीसरे को जगा लेते हैं और फिर बराबर बराबर बांटते हैं।  लेकिन यह क्या ? इस बार भी एक मोहर बच गई।

फिर उन्होंने चौथे बाभन को जगाया। अब फिर से सारी मोहरों को बराबर बराबर चार भागों में बांटने लगे। लेकिन इस बार भी एक मोहर बच गई।

अबकी बार उन्होंने पांचवें बाभन को जगाया। फिर वे पांचों में बराबर बराबर बांटना चाहे लेकिन इस बार भी एक मोहर बच गई।

फिर छठे बाभन को जगाया और 6 बराबर बराबर भागों में बांटने लगे। लेकिन फिर भी एक मोहर बच गई। 

फिर थक हार कर अंत में बचे सातवें बाभन को जगाए और 7 बराबर बराबर भागों में बांटने लगे। अबकी बार कमाल हो गया। एक भी एक मोहर नहीं बच पाई और सभी सातों बाभनों को बराबर बराबर मोहरें मिलीं।

अब आपको बताना है कि राजा ने सातों बाभनों को दान में कुल कितनी मोहरें दी थी ?

मजेदार हिंदी पहेली (Majedar Paheliyan) का सही जवाब 

आपके अनुसार इस जासूसी पहेली (Jasoosi Paheliyan) का जो सही जवाब होना चाहिए उसे कमेंट बॉक्स में लिखकर कमेंट कीजिये । मैं आपके कमेंट में इस जासूसी पहेली (Jasoosi Paheliyan) का जवाब बताऊंगा ।

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